google.com, pub-5050673853034467, DIRECT, f08c47fec0942fa0 My protein प्रोटीन क्यों जरूरी है Skip to main content

5 super suplyment

My protein प्रोटीन क्यों जरूरी है

 My protein

    •  प्रोटीन एक बहुत ही जरूरी पोषक तत्व है यह हमारे शरीर की संरचना में महत्वपूर्ण योगदान देता है माय प्रोटीन मेरा प्रोटीन शरीर को ऊर्जा के साथ शारीरिक विकास मे भी मदद करता है शरीर के क्षतिग्रस्त अंगों कोशिकाओं उतक को मरम्मत करने में अहम भूमिका निभाता है कोशिकाओं को दोबारा बनाने में सहायक है चोट लगने पर घाव को भरने में या कोई ऑपरेशन के बाद रिकवरी में बहुत योगदान करता है प्रोटीन हमारे शरीर के मुख्य अंग हड्डियों त्वचा मास बाल दातों के निर्माण और त्वचा में चमक बालों में चमक आदि में बहुत सहायक है 

    प्रोटीन का निर्माण my protein 

    Protein का निर्माण शरीर में अमीनो एसिड से होता है यह अमीनो एसिड हमको भोजन से मिलता है जैसे कि दूध या दूध से बने उत्पाद  दाले,मटर, सोयाबीन ,मूंगफली ,जैसे अंकुरित अनाज और कुछ फलों से अमीनो एसिड की पूर्ति होती है और कभी जब बीमार पड़ते हैं या  भोजन नहीं कर पाते उस  स्थिति में अमीनो एसिड हमारे शरीर में ही बनता है जो ऊर्जा हमको भोजन से मिली होती है जो हमारे शरीर में उपस्थित रहती है उससे अमीनो एसिड का निर्माण होता है और यही अमीनो एसिड प्रोटीन में बदल कर हमारे शरीर की जरूरतों को पूरा करने में मदद करता है इसलिए हमको शरीर में प्रोटीन के स्तर को बनाए रखना चाहिए 

    प्रोटीन की संरचना

    My protein या  protein  यह बहुत ही जटिल व विस्तृत अणु है जोकि अमीनो एसिड के विशेष समूह से बना होता है यह अमीनो एसिड का एक क्रम होता है जिसको पीपीटाइड (पेप्टाइड बॉन्ड) से एक से दूसरे समूह को जोड़ते हैं प्रोटीन की संरचना के प्रकार 1.प्राथमिक संरचना 2.द्वितीय संरचना 3.तृतीय संरचना
    Amino acid के वर्ग ,अल्फा अमीनो, बीटा , गामा अमीनो! 
    प्रोटीन की संरचना अमीनो एसिड के क्रम में पेप्टाइड बॉन्ड से जुड़े होते हैं इस श्रृंखला में 20 से लेकर 30,000 अमीनो एसिड तक होते हैं  प्रोटीन के एक अणु में कार्बन, हाइड्रोजन ,ऑक्सीजन , नाइट्रोजन के अणु भी होते हैं

    मानव शरीर में 5000000 एवं ई कोली (E-Coli )में 3000 प्रकार का प्रोटीन होता है ए सी टी एच( ACTH)मे 4500 अणुभार है यह सबसे छोटा प्रोटीन है 

    प्रोटीन पानी में घुलनशील बहुत कम होते हैं जीवो में पाए जाने वाले प्रोटीन संपूर्ण होते हैं जबकि पेड़ पौधों पादप में पाए जाने वाले प्रोटीन में 1-2 एसिड कम होते हैं 

    Protein powder

    क्लिक करे

    Kids formula best for kid growth

    प्रोटीन के प्रकार  type of protein

    प्रोटीन सभी जीव जंतुओं में पाए जाने वाला अमीनो एसिड का एक अणु है जो महत्वपूर्ण ऊर्जा का स्रोत है प्रोटीन के विभिन्न प्रकार होते हैं जिनमें से कुछ जरूरी प्रोटीन के बारे में संक्षिप्त जानकारी यहां मिलेगी
    1. एंजाइम एंजाइम की भी एक तरह के प्रोटीन होते हैं जो शरीर में राशन क्रियाओं के मैं भाग लेते हैं जैसे एसजीओटी एसजीपीटी अल्कलाइन यह सभी प्रोटीन है जोकि डाइजेशन पाचन क्रिया में सहायक होते हैं यह प्रोटीन लीवर में पाए जाते हैं इनको जठर रस भी कहते हैं
    2. हारमोंस -हारमोंस भी एक तरह के प्रोटीन है जो शरीर की क्रियाओं को नियंत्रित करते हैं और शारीरिक एवं मानसिक बैलेंस बनाए रखते हैं  थायराइड thyroid जोकि गले में स्थित थायराइड ग्लैंड से निकलता है और शरीर में होने वाली विभिन्न क्रियाओं को नियंत्रित करता है ब्लड प्रेशर, शुगर, शरीर का वजन, पाचन क्रिया
    TSH थाइरोइड स्टिमुलेटिंग हार्मोन मस्तिष्क में स्थिति पिट्यूटरी ग्रंथि से निकलता है यह थायराइड ग्रंथि पर नियंत्रण रखता है
    LH, FSH, PROLACTIN, कुछ हारमोंस जो प्रजनन क्रिया मे सहायक होते हैं
    3. एंटीबॉडी -  एंटीबॉडी एक तरह की प्रोटीन श्रृंखला है यह शरीर में रोगों से लड़ने के लिए प्रतिरोधक क्षमता पैदा करते हैं और रोगों के अनुसार शरीर में एंटीबॉडी बनाते हैं और संक्रमण से शरीर की रक्षा करते हैं वह संक्रमण bacteria virus fungal भी हो सकता है
    4. स्ट्रक्चरल प्रोटीन - स्ट्रक्चर प्रोटीन शरीर की बनावट में मुख्य भूमिका निभाते हैं जैसे त्वचा,  बाल, दांत, हड्डिया, हाथ, पैर नाक कान आदि
    5. वाहक प्रोटीन - वाहक प्रोटीन शरीर के अंदर जरूरी तत्वों को जैसे- विटामिन, मिनरल, ऑक्सीजन, कार्बन डाइऑक्साइड ग्लूकोज का संचार करते हैं 
    6. लिपॉप्रोटीन - लिपॉप्रोटीन बसा चर्बी कोलेस्ट्रोल को ऊर्जा में बदलकर शरीर के विभिन्न अंगों तक पहुंचाते हैं 
    7. ग्लोबुलिन - ग्लोबुलीन प्रोटीन शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा करता है
    8. Collagen - यह बहुत ही जरूरी प्रोटीन है यह वह प्रोटीन है जो चेहरे पर झुर्रियां रिंकल  या शरीर में त्वचा का सिकुड़ना लटकना आदि के लिए जिम्मेदार है यह प्रोटीन हड्डियों मांसपेशियों को एक दूसरे से जोड़ता है 
    9. Keratin यही प्रोटीन है जो त्वचा ,नाखून , बाल,आदि के निर्माण में मुख्य योगदान देता है 
    10. फाइब्रो प्रोटीन - प्रोटीन की मुख्य भूमिका ब्लीडिंग को रोकने में होती है कहीं पर भी चोट चोट लगने पर होने वाली बिल्डिंग को रोकता है


    My protein per 100 ml/gms
    100 ml / gms मे प्रोटीन


    • काला चना          21 gm           रोटी 6         3 gm. 
    • चना दाल            24 gm.          पराठा 1      5 gm. 
    • Peas green     07 gm.          चिकिन       31 gm. 
    • Peas dry         20 gm.          मटन          25 gm. 
    • राजमा                22 gm.          मछली         22 gm. 
    • सोयबीन             43 gm.          1 अंडा        6  gm. 
    • आलू                  1.6 gm.       Brazil nuts  14 gm. 
    • भिंडी                  1.9 gm.        देसी बादाम   21 gm. 
    •  बादाम                20.8 gm.    Cashewnut  21.2gm
    •  नारियल ड्राई        6.8 gm.    Groundnut   25.3 gm
    •  पिस्ता                 19.8 gm.    अखरोट         15.6 gm
    • Chees चीज        24 gm.          दूध              3 gm. 
    • खोआ                  14.6 gm. 


    कितना प्रोटीन चाहिए रोजाना, how much protein per day

        किस वर्ग को             प्रोटीन की जरूरत            रोजाना

    1. Sedentary adult       . 8 gm/ kg           48 gm

    2. Growing teens         1.5- 2.0 gm. / kg.  65 - 70 gm

    3.Adult in strenght training  1.5 - 1.7 gm/ kg.  70-80 gm. 

    4. Adult in endurance training  - 1.2 -1. 7 g/kg    70- 80 gm. 

    5. Pregnant/ lactating woman  1.2gm/kg  71 gm

    6.After surgery as per day  1.5- 2 gm.     , 65-70 gms

    #protein #kidprotein #myprotein

    FAQ 

    प्रोटीन पाउडर खाने से क्या होता है

    प्रोटीन हमारे शरीर के लिए बहुत ही जरूरी होता है सारी बॉडी की क्रियाओं को चलाने के लिए प्रोटीन जरूरी होता है प्रोटीन की कमी से शरीर में बहुत सारी बीमारियां हो सकती हैं जैसे enzyme protein की कमी से पाचन क्रिया सही से काम नहीं कर पाती उसी तरह हार्मोन प्रोटीन की कमी से प्रजनन क्षमता, मानसिक विकास रुक सकता है यह कम हो जाता है इंसुलिन जीतने का प्रोटीन है भी एक तरह का प्रोटीन है इंसुलिन की कमी से डायबिटीज हो जाती है इन्सुलिन प्रोटीन है जोकि भोजन के द्वारा मिलने वाली ऊर्जा को शरीर के विभिन्न अंगों तक पहुंचाता है फाइबर प्रोटीन की कमी होने पर ब्लीडिंग बढ़ जाती है ब्लीडिंग को रोकने के लिए फाइबर प्रोटीन बहुत जरूरी है

    प्रोटीन के कार्य क्या है

    शरीर अंदर बाहर जितनी भी क्रिया होती हैं उन सभी में कहीं ना कहीं protein की बहुत बड़ी भूमिका होती है अमीनो एसिड के श्रृंखला से बना हुआ एक अणु होता है यह परमाणु अणु मिलकर एक श्रृंखला बनाते हैं यही कोशिकाओं को ऊर्जा प्रदान करते हैं इन्हीं कोशिकाओं से मिलकर शरीर का निर्माण होता है उसके अंग बनते हैं और वह कार्य करते हैं इन सभी में प्रोटीन का बहुत बड़ा योगदान है

    सबसे ज्यादा प्रोटीन किसमें पाया जाता है

    बात सबसे ज्यादा प्रोटीन किस खाद्य पदार्थ में पाया जाता है उसके लिए यहां इन को दो भागों में बांटा है पहला वेजिटेरियन शाकाहारी दूसरा नॉनवेजिटेरियन या मांसाहारी बात करें साकारी की तो प्रोटीन के अच्छे स्रोत है चीज इसमें 24 ग्राम प्रोटीन /100 gm, राजमा 22 gram/100gms , सोयाबीन 43 gms/100gms, काला चना 21 ग्राम /100gms बात करें नॉनवेज की तो चिकन टिकट 30 ग्राम/100 gms, mutton 25 gram/100gms , मछली 22 ग्राम/100gms , एक अंडा 6 ग्राम

    बच्चों के लिए सबसे अच्छा प्रोटीन कौन सा है

    किड्स फॉर्मूला d9 का प्रोटीन पाउडर बहुत अच्छा है इसमें मिल्क प्रोटीन की मात्रा 46.76gm/100gm बहुत अच्छी है मार्केट में इससे अच्छा प्रोटीन शायद ही मिले इसमें ओमेगा-3 है 16 विटामिन मिनिरल है और ए प्रोटीन लैब टेस्टेड प्रोटीन पाउडर है यह प्रोटीन पाउडर शारीरिक एवं मानसिक विकास के लिए बहुत ही उपयोगी है

    बादाम में कितना प्रोटीन होता है

    एक बादाम में लगभग 1 ग्राम प्रोटीन होता है

    बादाम 20.8 ग्राम/100gms होता है

    प्रोटीन की कमी से क्या होता है

    प्रोटीन की कमी से शारीरिक एवं मानसिक विकास रुक जाता है बच्चों की ग्रोथ नहीं हो पाती उनका दिमाग का विकास भी नहीं हो पाता बड़ों में भी काफी समस्याएं देखने को मिलती है जैसे थकान चिड़चिड़ापन याददाश्त कमजोर होना किसी काम में मन न लगना महिलाओं में प्रजनन क्षमता कम हो जाना पुरुषों में शुक्राणु की मात्रा कम हो जाना अपने साथी को सहयोग न करना आदि

    Comments

    Popular posts from this blog

    लिपिड प्रोफाइल टेस्ट Lipid profile test in hindi

    1. Lipid profile लिपिड प्रोफाइल Table Of Contents लिपिड टेस्ट एक ब्लड की जांच होती है इसमें यह पता लगाया जाता है कि आपके शरीर में लिपिड ( वसा)  कितना है यह लिपिड दो तरह के होते हैं जिसे हम गुड  कोलेस्ट्रोल और  बैड कोलेस्ट्रॉल की कैटेगरी में बांट सकते हैं कोलेस्ट्रोल से हमारे शरीर को ऊर्जा मिलती है लेकिन कोलेस्ट्रोल की अधिकता से कई गंभीर बीमारियां भी हो सकती हैं हार्ट अटैक बीपी पैरालाइसिस हार्ट संबंधी बीमारियां तनाव ,शुगर ,अबसाद आदि लिपिड हमारी ब्लड वेसल्स रक्त वाहिनी मे जमा एक्स्ट्रा लिपिड (फैट) को मापने के लिए किए जाने वाला एक ब्लड टेस्ट है 2. लिपिड प्रोफाइल में की जाने वाली जांच Test in lipid profile लिपिड प्रोफाइल में किए जाने वाले रेस्ट टेस्ट 1.कोलेस्ट्रोल(cholesterol ) 2.ट्राइग्लिसराइड (Triglycerides) 3. एचडीएल (HDL ) 4.एलडीएल(LDL) 5.वीएलडीएल (VLDL) 6.Chol/Hdl risk factor 3.लिपिड प्रोफाइल नार्मल रेंज Lipid profile normal value  कोलेस्ट्रोल        ( Cholesterol)   130 -250 mg/dl ट्राइग्लिसराइड्स (Triglycerides)...

    हेयर कलर: बालों को नया लुक और स्टाइल देने का ट्रेंड

    हेयर कलर: बालों को नया लुक और स्टाइल देने का ट्रेंड आजकल फैशन और स्टाइलिंग में हेयर कलर एक महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुका है। शादी, पार्टी, या त्योहार—हर मौके के अनुसार लोग हेयर कलर चुनते हैं। युवाओं के लिए हेयर कलर सिर्फ एक स्टाइल नहीं, बल्कि एक पर्सनैलिटी स्टेटमेंट बन चुका है। इस आर्टिकल में हम हेयर कलर के प्रकार, फायदे-नुकसान, और हेयर केयर टिप्स के बारे में विस्तार से बताएंगे। हेयर कलर के प्रकार परमानेंट हेयर कलर (Permanent Hair Color): यह बालों की जड़ों तक पहुंचता है और लंबे समय तक टिकता है। परमानेंट हेयर कलर में अमोनिया और हाइड्रोजन परॉक्साइड जैसे केमिकल्स होते हैं। सावधानी: लगाने से पहले स्किन टेस्ट जरूर करें। निर्देशानुसार ही प्रयोग करें। डेमी परमानेंट हेयर कलर (Demi-Permanent Hair Color): इसमें अमोनिया नहीं होता और हाइड्रोजन परॉक्साइड की मात्रा भी कम होती है। यह हेयर कलर 8-10 बार शैंपू करने तक टिकता है। सेमी परमानेंट हेयर कलर (Semi-Permanent Hair Color): यह कलर नेचुरल और सिंथेटिक दोनों वर्जन में मिलता है और 6-8 बार शैंपू करने से निकल जाता है। शॉर्ट टाइम हेयर क...

    हल्दी के अनमोल गुण, Curcumin in hindi

    Curcumin क्या है हल्दी के औषधीय गुण इसके फायदे Table Of Contents हल्दी के अंदर पाए जाने वाला औषधीय गुण बाला घटक कर्कुमिं कहलाता है हल्दी स्वाद ,जायका ,कलर के लिए जानी जाती है भारतीय भोजन में हल्दी बहुत महत्वपूर्ण महत्वपूर्ण स्थान रखती है हल्दी भारतीय मसालों में बरसों से सम्मिलित है भारतीय संस्कृति में हल्दी को बहुत ही शुद्ध और गुणवान माना जाता है जिसके चलते हल्दी को पूजन में भी रखा जाता है हल्दी का जिक्र हमारे पुराने ग्रंथों और औषधीय ग्रंथों में विशेष रूप से मिलता है हल्दी का  हल्दी का इतिहास लगभग 3000 वर्ष या से भी ज्यादा पुराना है हल्दी में बहुत सारे औषधीय गुण होते हैं हल्दी को दूध में मिलाकर भी पिया जाता है जिसको गोल्डन मिल्क कहते हैं हल्दी का इस्तेमाल सौंदर्य प्रसाधन बनाने में भी किया जाता है जैसे टरमरक क्रीम, हल्दी चंदन का उबटन haldi Chandan Upton, हल्दी केसर साबुन ,हल्दी भोजन को स्वादिष्ट गुणकारी बनाने में मुख्य भूमिका निभाती है हल्दी में पाए जाने वाला औषधीय तत्व कुर्कुमिं पाया जाता है कुर्कुमिं  बहुत ही गुणकारी और लाभदायक भाग होता है हल्दी क...

    Ponds white beauty cream के बारे मे जानकारी फायदे और नुकसान

    पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम के फायदे और नुकसान  पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम एक ब्रांड है यह क्रीम लोगों की स्क्रीन निखर और चमक के लिए एक बहुत अच्छा विकल्प बन गई है पोंड्स कंपनी के अनुसार यह क्रीम चेहरे को सुंदर निखार देती है और दाग धब्बे को मिटा देती है डेड स्किन को भी हटाने में मददगार है जी मैं  पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम में एसपीएफ जो सूरज की किरणों से त्वचा को बचाती है जो हानिकारक होती हैं uv-a uv-b ! पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम की अलग-अलग रेंज है जैसे पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम डे, पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम नाइट, पोंड्स ब्यूटी बीबी क्रीम और सर्दियों के लिए पोंड्स वाइट ब्यूटी कोल्ड क्रीम के नाम से मार्केट में उपलब्ध है पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम यूएस (U.S. )अमेरिका की कंपनी पोंड्स के उत्पादन है लेकिन भारत में पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम के कॉफी ग्राहक है जिसमें सबसे ज्यादा महिलाएं इस क्रीम को बहुत पसंद करती हैं  पोंड्स वाइट ब्यूटी क्रीम भारत में बहुत लोकप्रिय ब्रांड है इसका मूल कारण क्रीम की उपलब्धता और इस क्रीम में पाए जाने वाले व्हाइटनिंग तत्व जो लगाते ही चेहरे पर व्हाइटनेस औ...

    ममाअर्थ (Mamaearth) – एक भरोसेमंद प्राकृतिक स्किनकेयर और हेयरकेयर ब्रांड

      ममाअर्थ (Mamaearth) – एक भरोसेमंद प्राकृतिक स्किनकेयर और हेयरकेयर ब्रांड विषय-सूची (Table of Contents) ममाअर्थ क्या है? ममाअर्थ की शुरुआत कैसे हुई? ममाअर्थ की खासियत क्या है? ममाअर्थ के लोकप्रिय उत्पाद (Mamaearth Products List in Hindi) ममाअर्थ स्किन केयर प्रोडक्ट्स ममाअर्थ हेयर केयर प्रोडक्ट्स ममाअर्थ बेबी केयर उत्पाद ममाअर्थ का बाजार में विस्तार ममाअर्थ क्यों चुनें? ममाअर्थ का पर्यावरण के प्रति योगदान ममाअर्थ और ग्राहक समीक्षाएं निष्कर्ष 1. ममाअर्थ क्या है? Mamaearth एक भारतीय ब्रांड है जो त्वचा और बालों की देखभाल के लिए प्राकृतिक, रसायन-मुक्त उत्पाद बनाता है। इसका उद्देश्य लोगों को सुरक्षित और प्राकृतिक विकल्प प्रदान करना है जिससे वे अपनी सुंदरता की देखभाल बिना किसी दुष्प्रभाव के कर सकें। Mamaearth के उत्पाद बच्चों, महिलाओं और पुरुषों सभी के लिए उपलब्ध हैं। इसमें हर्बल और आयुर्वेदिक तत्वों का समावेश होता है जो शरीर को भीतर से पोषण देते हैं। आज के समय में जब सौंदर्य उत्पादों में केमिकल की भरमार है, Mamaearth जैसे ब्रांड हमें प्राकृतिक व...